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गौतम बुध्द नगर/ यमुना एक्सप्रेसवे पर ‘₹1 की संजीवनी’ : हेलीकॉप्टर एंबुलेंस से बचेंगी हादसों में घायल लोगों की जान

हेलमेट मैन ऑफ इंडिया” राघवेंद्र कुमार के इस मिशन की हर ओर हो रही चर्चा

ग्रेटर नोएडा (गौतम बुद्ध नगर), 2 सितंबर : सड़क हादसों में घायल लोगों को गोल्डन ऑवर के दौरान तत्काल चिकित्सा सहायता पहुंचाने के उद्देश्य से “हेलमेट मैन ऑफ इंडिया” राघवेंद्र कुमार की टीम ने यमुना एक्सप्रेसवे पर हेलीकॉप्टर एंबुलेंस सेवा शुरू करने के लिए “संजीवनी बूटी मिशन” का प्रस्ताव रखा है।

टीम ने मंगलवार को यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के अधिकारी एवं आईएएस शैलेंद्र सिंह को ज्ञापन सौंपा। मिशन की सबसे खास बात यह है कि इसके लिए सरकार से आर्थिक सहायता नहीं, बल्कि केवल अनुमति और सहयोग मांगा गया है।

प्रस्ताव के अनुसार, एक्सप्रेसवे से गुजरने वाले प्रत्येक वाहन के टोल से केवल ₹1 के माध्यम से हेलीकॉप्टर आपातकालीन चिकित्सा सेवा संचालित की जा सकती है। इसके लिए वाहन चालकों पर कोई अतिरिक्त शुल्क नहीं लगाया जाएगा।

ज्ञापन प्राप्त करते हुए शैलेंद्र सिंह ने “संजीवनी बूटी मिशन” को ऐतिहासिक पहल बताया। उन्होंने कहा कि उनके जन्मदिन के अवसर पर ऐसे जनहितकारी मिशन पर कार्य करने का अवसर मिलना खुशी की बात है। उन्होंने बताया कि कोविड के बाद भी सड़क दुर्घटनाओं में सहायता के लिए लगातार फोन आते हैं और कई बार आवश्यक संसाधनों के अभाव में मदद करना मुश्किल हो जाता है।

मिशन की एविएशन और तकनीकी जानकारी डॉ. नवनीत ने प्राधिकरण के समक्ष प्रस्तुत की। एविएशन क्षेत्र में करीब 25 वर्षों का अनुभव रखने वाले डॉ. नवनीत भारत सहित विभिन्न देशों में 5,000 से अधिक रेस्क्यू ऑपरेशन में योगदान दे चुके हैं। हेलीकॉप्टर की उपलब्धता EMSOS Pvt. Ltd. के माध्यम से सुनिश्चित करने की योजना है।

हेलीपैड और डीजीसीए से संबंधित ग्राउंड स्तर की तैयारियों में भारतीय सेना में महत्वपूर्ण योगदान दे चुके कर्नल मोहित गौण सहयोग करेंगे। उन्होंने कहा कि सीमाओं की रक्षा के साथ-साथ अब सड़कों पर होने वाली दुर्घटनाओं के खिलाफ भी प्रभावी लड़ाई लड़ने की जरूरत है।

राघवेंद्र कुमार ने कहा कि सरकार के खजाने से ₹1 भी नहीं चाहिए, केवल इतनी अनुमति चाहिए कि जब किसी व्यक्ति की जिंदगी खतरे में हो, तो उसे बचाने के लिए हेलीकॉप्टर घटनास्थल तक पहुंच सके।

उन्होंने कहा कि मिशन का उद्देश्य स्पष्ट है—हादसे के बाद समय बर्बाद न हो, क्योंकि गोल्डन ऑवर का हर सेकंड किसी की जिंदगी बचा सकता है।

ज्ञापन सौंपने के दौरान पवन द्विवेदी, सिद्धि विनायक, श्रेया सिंह, ओमप्रकाश और नंद किशोर सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

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