फारबिसगंज (अररिया), 1 जुलाई : रुंगटा इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी एंड मैनेजमेंट (RITM), फारबिसगंज में राष्ट्रीय चिकित्सक दिवस एवं चार्टर्ड अकाउंटेंट्स दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में सेवा, समर्पण, वित्तीय अनुशासन और ज्ञान के महत्व पर विस्तार से चर्चा की गई। इस अवसर पर आयोजित क्विज़ प्रतियोगिता विद्यार्थियों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रही, जिसमें स्वास्थ्य, वित्त, कराधान एवं सामान्य ज्ञान से जुड़े प्रश्नों के माध्यम से उनकी बौद्धिक क्षमता का परीक्षण किया गया।
कार्यक्रम के दौरान भारत रत्न एवं महान चिकित्सक डॉ. बिधान चंद्र राय को उनकी जयंती एवं पुण्यतिथि पर श्रद्धापूर्वक याद किया गया। वक्ताओं ने कहा कि चिकित्सक समाज को स्वस्थ रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, जबकि चार्टर्ड अकाउंटेंट्स देश की आर्थिक व्यवस्था को सुदृढ़, पारदर्शी और उत्तरदायी बनाने में अहम योगदान देते हैं।
संस्थान के डीजीएम (वित्त) एवं चार्टर्ड अकाउंटेंट लक्ष्मी नारायण मिश्रा ने विद्यार्थियों को वित्तीय साक्षरता से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों—प्राप्ति एवं भुगतान लेखा, टीडीएस, आयकर रिटर्न, आय के विभिन्न स्रोत, बैंकिंग व्यवस्था, ऑडिट एवं वित्तीय अनुपालन—की व्यवहारिक जानकारी दी। उन्होंने कहा कि बदलते आर्थिक परिवेश में प्रत्येक विद्यार्थी के लिए वित्तीय समझ विकसित करना समय की आवश्यकता है।
उप निदेशक एस. बी. कुमार ने कहा कि किसी भी राष्ट्र की उन्नति में विभिन्न क्षेत्रों के पेशेवरों का समान रूप से योगदान होता है। उन्होंने विद्यार्थियों से चिकित्सा एवं वित्तीय क्षेत्र के विशेषज्ञों के कार्यों से प्रेरणा लेकर ईमानदारी, कर्तव्यनिष्ठा और उत्कृष्टता को अपने जीवन का लक्ष्य बनाने का आह्वान किया।
संस्थान के चेयरमैन महाबीर प्रसाद रुंगटा ने अपने संदेश में कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल डिग्री प्रदान करना नहीं, बल्कि ऐसे जिम्मेदार नागरिक तैयार करना है जो समाज और राष्ट्र के विकास में सक्रिय भूमिका निभाएं। उन्होंने कहा कि RITM विद्यार्थियों में व्यावसायिक दक्षता के साथ सामाजिक उत्तरदायित्व और नैतिक मूल्यों का भी निरंतर विकास कर रहा है।
कार्यक्रम में संस्थान के निदेशक डॉ. बी. एन. झा, प्राचार्य डॉ. रशीद हुसैन, डीजीएम (वित्त) एवं चार्टर्ड अकाउंटेंट लक्ष्मी नारायण मिश्रा, अकाउंटेंट प्रभात कुमार, मोना झा, उत्कर्ष कुमार सहित संस्थान के संकाय सदस्य, कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थियों की सहभागिता रही। अंत में सभी ने राष्ट्रहित में अपने दायित्वों का निष्ठापूर्वक निर्वहन करने का संकल्प लिया।

















